सऊदी रेड क्रिसेंट प्राधिकरण की मदीना शाखा की एम्बुलेंस टीमों ने 84 वर्षीय भारतीय महिला उमरा यात्री की नब्ज़ फिर से लौटा दी, जिन्हें मस्जिद-ए-नबवी में जुमे की नमाज़ के दौरान अचानक चिकित्सा आपात स्थिति का सामना करना पड़ा। सऊदी प्रेस एजेंसी (SPA) के अनुसार, यह नमाज़ियों और ज़ायरीन की सेवा के लिए बनाई गई एम्बुलेंस तैनाती योजना के तहत हुआ।
टीम 56 सेकंड में मौके पर पहुंची, ज़रूरी आपातकालीन उपचार दिया और नब्ज़ लौटने तक सीपीआर (हृदय-फुफ्फुसीय पुनर्जीवन) किया। इसके बाद उन्हें आगे की चिकित्सा देखभाल के लिए बाब जिब्रील स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया।
मदीना शाखा के महानिदेशक डॉ. अहमद बिन अली अल-ज़हरानी ने कहा कि आपात मामलों में तेज़ प्रतिक्रिया मस्जिद-ए-नबवी और उसके आसपास टीमों की उच्च तत्परता और सुनियोजित तैनाती का परिणाम है, जिससे नाज़ुक क्षणों में देखभाल मिलती है और जान बचाने की संभावना बढ़ती है।
डॉ. अल-ज़हरानी ने टीमों की दक्षता और त्वरित कार्रवाई की सराहना की और कहा कि प्राधिकरण नमाज़ियों, उमरा यात्रियों और मदीना आने वाले ज़ायरीन की सेवा के लिए अपनी तत्परता बढ़ाता रहेगा।
भारत से बड़ी संख्या में बुज़ुर्ग उमरा यात्री मदीना आते हैं, और यह घटना दिखाती है कि मस्जिद परिसर में आपात चिकित्सा सहायता कुछ ही पलों में उपलब्ध है।
