विश्व मौसम विज्ञान संगठन ने अनुमान जताया है कि अल नीनो की स्थिति और तीव्र होगी तथा आगामी दिसंबर में अपने चरम पर पहुँचेगी। संगठन के अनुसार यह घटना फ़रवरी 2027 तक जारी रह सकती है और 1950 से अब तक दर्ज सबसे शक्तिशाली अल नीनो घटनाओं में शामिल हो सकती है।

संगठन ने बताया कि अक्टूबर से दिसंबर के बीच मध्य और पूर्वी भूमध्यरेखीय प्रशांत महासागर में समुद्र की सतह का तापमान सामान्य से 3.7 डिग्री सेल्सियस अधिक हो सकता है। यह नवंबर 2015 से जनवरी 2016 के बीच दर्ज 2.6 डिग्री के पिछले रिकॉर्ड से ज़्यादा होगा।

संगठन की महासचिव सेलेस्टे साउलो ने कहा कि मासिक जलवायु पूर्वानुमानों के मुताबिक़ फ़रवरी 2027 तक अल नीनो के बने रहने की संभावना लगभग 100 प्रतिशत है।