सऊदी अरब की जाज़ान विश्वविद्यालय के अध्यक्ष डॉ. मोहम्मद बिन हसन अबू रासीन ने आज ‘साइबर सुरक्षा जागरूकता माह’ के साथ साइबर सुरक्षा जागरूकता कार्यक्रम शुरू करने की घोषणा की। इसका उद्देश्य साइबर संस्कृति का प्रसार करना, विश्वविद्यालय से जुड़े लोगों को डिजिटल जोखिमों से परिचित कराना और उनमें सुरक्षित आदतें विकसित करना है।
अबू रासीन ने बताया कि कार्यक्रम में जागरूकता गतिविधियों और विशेष कार्यशालाओं की श्रृंखला शामिल है, जो इलेक्ट्रॉनिक ख़तरों से बचाव, डेटा और जानकारी की गोपनीयता की सुरक्षा तथा तकनीकों और डिजिटल प्लेटफ़ॉर्म के सुरक्षित उपयोग पर केंद्रित हैं।
साइबर सुरक्षा विभाग के निदेशक वाइल बिन हादी हकमी ने बताया कि कार्यक्रम शिक्षकों, कर्मचारियों और छात्रों के लिए है। जागरूकता और प्रशिक्षण गतिविधियों के ज़रिए साइबर जोखिमों की समझ बढ़ाई जाएगी, सोशल इंजीनियरिंग के ख़तरों के प्रति सचेत किया जाएगा और डेटा व प्रणालियों की सुरक्षा में उपयोगकर्ता की ज़िम्मेदारी पर ज़ोर दिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि कार्यक्रम प्रमुख निवारक उपायों को सामने रखता है और सुरक्षित डिजिटल व्यवहार को बढ़ावा देता है, जिससे विश्वविद्यालय का डिजिटल वातावरण अधिक सुरक्षित और साइबर चुनौतियों के लिए बेहतर तैयार होगा।
यह कार्यक्रम विश्वविद्यालय की साइबर सुरक्षा प्रणाली को मज़बूत करने और तकनीक के ज़िम्मेदार उपयोग की संस्कृति फैलाने के प्रयासों का हिस्सा है, जो डिजिटल परिवर्तन के साथ कदम मिलाते हुए उसकी डिजिटल संपत्तियों और जानकारी की रक्षा करता है।


