इस्लामी वित्तीय संस्थानों के लेखा और लेखा-परीक्षा संगठन (AAOIFI) ने आज बहरीन साम्राज्य में शरिया पर्यवेक्षी बोर्डों का 24वां वार्षिक सम्मेलन आयोजित किया। इसमें इस्लामी सहयोग संगठन के सदस्य देश, इस्लामी बैंकों और वित्तीय संस्थानों की सामान्य परिषद, इस्लामी वित्तीय सेवा बोर्ड और कई नियामक व वित्तीय संस्थाएं भाग ले रही हैं।
सम्मेलन में पांच विशेष चर्चा सत्र हैं। इनमें शरिया मानकों को कानूनी व्यवस्थाओं के साथ सामंजस्य में लाने की चुनौतियों और संभावनाओं तथा ऋण की वास्तविक प्रत्यक्ष लागत के आकलन जैसे विषय शामिल हैं।
इसके अलावा दो किस्तों वाले संयुक्त वित्तपोषण और उसमें इस्लामी तथा पारंपरिक हिस्सों को जोड़ने के नियम, नई परिस्थितियों का अनुबंधों और वित्तीय दायित्वों पर असर, और किसी प्रतिबद्धता के बदले प्रतिफल के शरिया हुक्म व व्यावहारिक उपयोग पर भी चर्चा होगी।
